श्रीनगर : मोहम्मद यूसुफ तारिगामी ने गुरुवार को जम्मू-कश्मीर में राशन की अपर्याप्त आपूर्ति को लेकर निराशा व्यक्त करते हुए कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को पर्याप्त भोजन मिलना चाहिए। तारिगामी ने आज यहां जारी एक बयान में कहा कि भोजन का अधिकार एक सार्वभौमिक अधिकार है और प्रत्येक व्यक्ति को पर्याप्त भोजन मिलना चाहिए। उन्होंने सरकार से जम्मू-कश्मीर में पर्याप्त खाद्य आपूर्ति सुनिश्चित करने और प्रत्येक घर के लिए राशन का मासिक सब्सिडी कोटा बढ़ाने की अपील की है।
उन्होंने कहा कि राशन के आवंटन में उल्लेखनीय कटौती से पूरे क्षेत्र के उपभोक्ताओं में निराशा देखी गयी है। माकपा नेता ने कहा कि सरकार ने जम्मू-कश्मीर खाद्य पात्रता योजना (जेकेएफईएस) और प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना (पीएमजीकेएवाई) को वापस लेने के बाद कोटा में 50 प्रतिशत से अधिक की कटौती हुई है। उन्होंने कहा कि इन योजनाओं के तहत उपभोक्ताओं को 10 किलोग्राम राशन मिल रहा था जो अब घटकर केवल पांच किलोग्राम कर दिया गया है जिससे उपभोक्ता के चेहरे पर परेशानी साफ नजर आ रही है।
तारिगामी ने कहा कि बेलगाम महंगाई और बेरोजगारी के बीच खाद्य योजनाओं की वापसी ने लोगों की दैनिक परेशानियों को और भी बढ़ा दिया है। उन्होंने कहा कि वर्तमान राशन आवंटन उपभोक्ताओं की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए अपर्याप्त है।